Text selection Lock by Hindi Blog Tips

शनिवार, 11 अगस्त 2012

जीवन....एक शतरंज....






शतरंज का खेल 
भले न आता हो तुम्हें...
लेकिन शब्दों से शतरंज 
तुम बखूबी खेल लेते हो ,
और सामने वाले को 
सीधे-सीधे मात भी दे देते हो ...!
न जाने कैसे जान जाते हो तुम 
कि कौन सा शब्द चलने से 
कौन धराशायी हो जायेगा....!
और यदि इतने पर भी न हुआ 
तो तुम्हारे पास और भी चालें हैं...!
हर जिंदगी में भावनाओं की,
संवेदनाओं की,धन की अहमियत से भी 
अनभिज्ञ नहीं हो तुम....! 
अपनी चालों में इनका इस्तेमाल 
तुम बखूबी कर लेते हो....!
और सामने वाले को....
इसका पता भी नहीं चल पाता !
लेकिन कुछ लोग ऐसे भी हैं 
जिन्हें तुम्हारी इन चालों का भान है !
उनके लिए जीवन की 
छोटी छोटी बातें,
छोटी-छोटो सच्चाइयाँ ही 
जीने के लिए मायने देती हैं !
बड़ी बड़ी बातों की ये चालें 
भले ही तुम्हारे मन को संतोष दे दें,
तुम्हारे अहं को..... 
जीत के एहसास से भर दें...!
लेकिन तुम भी ये 
अच्छी तरह जानते हो
कि तुम्हारे खेलने की प्रवत्ति का 
उन्हें भी आभास है.......!
इसलिए उन लोगों के सामने तुम 
हमेशा छोटे ही नज़र आओगे
क्यूँ कि.....
वो तुम्हें जानते हुए भी
तुम्हारी इन चालों से 
खुद को तुम्हारे सामने 
हारा हुआ दिखाते हैं...!!




8 टिप्‍पणियां:

  1. shayad sabhi ki jindagi me ye insaan hota /hoti honge...saral magar bahut sateek rachana

    उत्तर देंहटाएं
  2. shayad sabhi ki jindagi me ye insaan hota /hoti honge...saral magar bahut sateek rachana

    उत्तर देंहटाएं
  3. ऐसा हर कदम पर महसूस होता है...जीवन मे ऐसे लोगों की कमी नही है..अपने मनोभावों को बहुत सुन्दरता से प्रस्तुत किया है...बहुत सुन्दर रचना है..

    उत्तर देंहटाएं
  4. शब्दों से खेलने तक ठीक है पर किसी की भावनाओं से खेलने के लिए शब्द का उपयोग ठीक नहीं ...

    उत्तर देंहटाएं
  5. जीवन की शतरंज और भावनाओ की चालें........वाह बहुत ही सुन्दर है पोस्ट।

    उत्तर देंहटाएं
  6. प्रतिभाओं की कमी नहीं अवलोकन (15) आज की ब्लॉग बुलेटिन मे आपकी पोस्ट को भी शामिल किया गया है ... सादर आभार !

    उत्तर देंहटाएं
  7. शब्दों का शतरंज ...
    बहुत ही लाजवाब रचना ,... चालें ओर फिर चालें ... सभी चालें कमाल हैं ...

    उत्तर देंहटाएं